गोंदिया. हमने हमारे जीवन में सभी धर्मों को कल्पना में रख दिया है. मनुष्य में बहुत बड़ी बुध्दिमता है. संविधान का प्रचार-प्रसार वैज्ञानिक दृष्टिकोण से होना चाहिए. डा. बाबासाहेब आंबेडकर ने भारत के संत-महापुरुषों के विचारों को संविधान में स्थान दिया है. शाश्वत विचारों के मूल्यों का पालन होना चाहिए. उक्त आशय के सारगर्भित विचार चिंतक व मुंबई हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति बी.जी. कोलसे पाटिल ने श्री गणेश ग्रामीण विकास शिक्षण संस्था द्वारा श्री गुर्जर क्षत्रिय समाज हॉल में संविधान जागर अभियान व व्यसनमुक्त पहाट 2026 के तीन दिवसीय आयोजित कार्यक्रम के अंतिम दिन उद्घाटनोपरांत मार्गदर्शन करते हुए व्यक्त किए.
कार्यक्रम में प्रमुख अतिथि के रूप में सांसद प्रशांत पडोले, नगराध्यक्ष सचिन शेंडे, पूर्व जिप अध्यक्ष एड. के.आर.शेंडे व श्री गणेश ग्रामीण विकास शिक्षण संस्था के संस्थापक-सचिव विजय बहेकार आदि उपस्थित थे.
कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों के हस्ते महापुरुषों के तैलचित्र पर माल्यार्पण व दीप प्रज्वलन कर की गई.
सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति पाटिल ने आगे कहा कि नशे से अनेक परिवार बर्बाद होते है. नशे के अनेक प्रकार है, सत्ता का नाश, जाति का नाश, अमीर का नशा, शराब का नशा. कोई भी नशा व्यक्ति व समाज को बर्बाद करता है. बहुत पैसे वाले है, उन्हें पैसों का नशा है. संत गाडगेबाबा कहते थे, मरेंगे की रहेंगे. जिनके पास पैसे नही है, वह मरेंगे. किसी को धर्म व जाति का नशा है. हर नशे का मूल तोड़े बिना उसे नष्ट नही किया जा सकता. व्यसन की लड़ाई लड रहे है, वह सरल नही है. शोषण के अनेक मार्ग है. राजनैतिक, आर्थिक व सामाजिक आधार बराबर होना चाहिए. पाटिल ने यह भी कहा कि आज देश में जो भावना चल रही है, वैसा हमारे महापुरुषों ने नही सोचा था. राज्यों में समता स्थापित होनी चाहिए. संतों की श्रृंखला बहुत बड़ी है. स्वर्ग व नरक की कल्पना आधारहिन है.
सांसद डा. पटोले ने अपने मार्गदर्शन में कहा कि भारत को नशा मुक्त करने का संकल्प विजय बहेकार ने लिया है. यह सर्व स्तर पर सराहनीय प्रयास है. नशामुक्त भारत की ओर पहला कदम है. हमारी नई पीढी नशे में बहे जा रही है. नशामुक्त भारत बनाने के लिए मैंने प्रधानमंत्री से चर्चा की है. जब तंबाकू, गांजा ही नही रहेगा तो कोई नशा ही नही रहेगा. शराब की वजह से कई बीमारियां हो रही है.
इस अवसर पर नगराध्यक्ष सचिन शेंडे ने अपने संबोधन में श्री गणेश ग्रामीण विकास संस्था द्वारा किए जा रहे नशामुक्ति अभियान की सराहना कर संचालक विजय बहेकार को बधाई दी. कार्यक्रम का संचालन एड. राकृष्ण चौधरी ने किया. आभार पर्यावरण विशेषज्ञ सत्यप्रकाश मेहरा ने माना. इस अवसर पर डा. प्रकाश धोटे, डा.सविता बेदरकर, एड.राजकुमार बोंबार्डे, अमर वराडे, मंजू कटरे, प्रा.विजय मोहबे,, रामकृष्ण टेंभरे, संजय वाहाणे, निलेश देशभ्रतार, सुनील भरणे, मोहसिन खान, संजय राउत, दिपेंद्र वासनिक, रमन रमादे, कैलाश भेलावे, रमेश ब्राम्हणकर, रोशन मडामे सहित बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित थे.
शाश्वत विचारों के मूल्यों का पालन करें : सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति कोलसे पाटिल
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