जिलाधिकारी कार्यालय में हुई सूक्ष्म नियोजन बैठक, प्रायोगिक तौर पर 130 तालाबों के कार्य आदेश जारी
गोंदिया. पूर्व विदर्भ के भंडारा और गोंदिया जिले में 100 वर्षों से भी अधिक पुराने मामा तालाबों की स्थिति सुधारकर जलसिंचन बढ़ावा देने व कृषि क्षेत्र में हरित क्रांति लाने हेतु राज्य के पूर्व मंत्री एवं वर्तमान विधायक डॉ. परिणय फुके प्रयासरत है। महाराष्ट्र में देवेन्द्र फडणवीस सरकार ने डॉ. फुके के इस प्रस्ताव को मंजूरी देकर आदेश जारी कर दिए वही उनकी पीठ भी थपथपाई है। सरकार के आदेश के बाद इस कार्य को मृद व जलसंधारण विभाग अंतर्गत गाढ़ युक्त धरण व गाढ़युक्त शिवार इस योजना के तहत तालाबों के गहरीकरण, जलसिंचन की क्षमता बढ़ाने के कार्य को गति देने के संदर्भ में आज जिलाधिकारी कार्यालय गोंदिया के नियोजन सभा कक्ष में सभी अधिकारियों की बैठक ली गई।
बैठक के दौरान 130 तालाबों के आये प्रस्तावों को मंजूर कर उनके कार्य प्रारंभ करने के आदेश विधायक डॉ. परिणय फुके ने दिए। इसी के साथ ग्राम पंचायतों के माध्यम से प्रस्ताव जल्द भेजने हेतु अधिकारियों, जिला परिषद, पंचायत समिति के सभापति, सदस्यों, व नागरिकों से आव्हान किया। डॉ. फुके ने कहा, तालाबों के पुनरुज्जीवन हेतु ये जनकार्य सरकार और हमनें किया है। हमारा प्रयास है कि दम तोड़ते तालाबो का गहरीकरण होना चाहिये जिससे जल सिंचन की क्षमता बढ़े और इसका लाभ किसानों को प्राप्त हो। इसके साथ ही तालाबों से निकलने वाली गाद कृषि कार्य हेतु उपयोग में लायी जाएगी वही निकलने वाला मुरुम सड़क और पांदन रास्तों के निर्माण में उपयोग किया जाएगा। विधायक डॉ. परिणय फुके ने कहा, हमनें सरकार से अनुरोध कर तालाबों से निकलने वाले गाद, मिट्टी, मुरुम पर लगने वाले रॉयल्टी को मुफ्त करने का कार्य किया है। ये ध्यान देने योग्य है कि किसी पर भी कोई भी पुलिसिया व राजस्व विभाग की कानूनी कार्रवाई न हो।
मृद जलसन्धारण विभाग, टाटा मोटर्स व नाम फाउंडेशन तालाबों के गहरीकरण पर कंधे से कंधा मिलाकर कार्य कर रहा है। प्रथम प्रायोगिक तौर पर 130 तालाबों के गहरीकरण के आदेश दिए गए है। श्री फुके ने कहा, हमारा लक्ष्य है कि एक भी तालाब न छुटे। आने वाले पांच साल के भीतर हम शत प्रतिशत तालाबों के गहरीकरण करने का कार्य कर जलसिंचन क्षमता को बढाने का कार्य करेंगे। आने वाले सालों में गोंदिया जिले के ये तालाब कृषि क्षेत्र के लिए वरदान साबित होंगे जिसका लाभ किसानों को और ग्रामीणों को मिलेगा। बैठक के दौरान विधायक डॉ. परिणय फुके, जिला परिषद अध्यक्ष लायकराम भेंडारकर, जिलाधिकारी प्रजीत नायर, जिप के मुख्य कार्यपालन अधिकारी एम. मुरुगनाथन, जिप उपाध्यक्ष सुरेश हर्षे, वीरेंद्र (बालाभाऊ) अंजनकर, पूर्व जिप अध्यक्ष पंकज रहांगडाले, सभापति डॉ. लक्ष्मण भगत, रजनीताई कुंभरे, पौर्णिमा ढेंगे, दीपाताई चन्द्रिकापुरे, गणेश थोरात, शैलेश मावनीकर सहित शासकीय अधिकारी, जिप सदस्य, पंचायत समिति सदस्य, ग्राम पंचायत के सरपंच, सदस्य बड़ी संख्या में ग्रामीण जनों की उपस्थिति रही।






