गोंदिया. आमगांव निवासी चावल व्यवसायी एवं राइस मिलर्स वीरेंद्रकुमार राधेश्याम लिल्हारे (45) को कम कीमत पर चावल दिलाने का प्रलोभन देकर आरोपियों द्वारा उससे एक करोड़ रुपए ठग लिए जाने की घटना प्रकाश में आयी है। इस संबंध में गोंदिया शहर पुलिस थाने में फरियादी वीरेंद्रकुमार लिल्हारे ने 24 सितंबर को दर्ज की गई शिकायत पर गोंदिया शहर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ अपराध क्र. 791/2025 भारतीय न्याय संहिता की धारा 318 (4), 3 (5) के तहत मामला दर्ज किया है। इस मामले की जांच पुलिस निरीक्षक किशोर पर्वते के मार्गदर्शन में सहायक पुलिस निरीक्षक वैभव गेडाम कर रहे हैं। गोंदिया शहर पुलिस थाने के पुलिस निरीक्षक किशोर पर्वते ने बताया कि पुलिस ने 25 सितंबर को रामेश्वर धुर्वे नामक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि तीन अन्य आरोपियों को हिरासत में लेकर उनसे पूछताछ चल रही है। इसके अलावा पुलिस ने इसी मामले में उपयोग में लायी गई कार क्र. एमपी-05/सीएल-6957 भी जब्त की है। घटना के संदर्भ में मिली जानकारी के अनुसार फरियादी की आमगांव में लांजी रोड पर मां शक्ति राइस मिल है। उसकी आठ दिन पूर्व नागपुर में दीप्ति मिश्रा नामक एक महिला से भेंट हुई थी। जिसने उसकी भेंट छिंदवाड़ा निवासी रामेश्वर धुर्वे एवं हेमलता बैस से करवाई थी। जिन्होंने फरियादी को स्वयं के धान चांवल के व्यवसायी के साथ फाइनेंस का काम करने की जानकारी दी थी। फरियादी का विश्वास संपादन करने के बाद आरोपियों ने उसे एक करोड़ रुपए के बदले में चावल से भरे 10 कंटेनर दिलाने की बात कही और उसके सामने ही चंदिगढ़ के महेंद्रसिंह मल्होत्रा (40) के साथ फोन पर चावल का सौदा किया। 23 सितंबर को दोनों आरोपियों ने फरियादी से जयस्तंभ चौक गोंदिया परिसर में एक करोड़ रुपए ले लिए एवं वह रुपए ऑटो में बैठे दो अज्ञात व्यक्तियों में से एक को दिए एवं बताया कि वह चंदिगढ़ का व्यापारी महेंद्रसिंह मल्होत्रा है। रुपए देने के बावजूद जब चावल के कंटेनर फरियादी की राइस मिल में नहीं पहुंचे तो उन्होंने आरोपियों से फोन पर संपर्क किया। संपर्क नहीं होने के बाद जब उसे अपने ठगे जाने का एहसास हुआ तो उसने गोंदिया शहर पुलिस थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई।
24 सितंबर को रिपोर्ट दर्ज होते ही पुलिस हरकत में आ गई। जिसके बाद पुलिस ने तेजी से जांच की कार्रवाई शुरू कर दी। गोंदिया शहर पुलिस एवं स्थानीय अपराध शाखा पुलिस की दो टीमे अलग-अलग जांच के लिए भेजी गई है। जब्त की गई कार में से कुछ बच्चों के खेलने के नोट जैसे नोट भी बरामद होने की बात उन्होने कही। धोखाधड़ी के साथ ही पुलिस इस मामले में कहीं कोई नकली नोट का गिरोह तो कार्यरत नहीं है इस तरह अलग-अलग एंगल से जांच में जुटी हुई है। उन्होने जल्द ही इस संपूर्ण मामले का पर्दाफाश कर सभी आरोपियों को गिरफ्तार करने की बात भी कही।
व्यापारी के साथ एक करोड़ की धोखाधड़ी करने वाली टोली गिरफ्तार, मुख्य आरोपी फरार
RELATED ARTICLES






